‘किसान कर्ज मुक्ति’ और ‘कृषि उपज का डेढ़ गुना दाम’ के लिए राष्ट्रव्यापी धरना और ज्ञापन

अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के आह्वान पर 3 अगस्त 2019 को अखिल भारतीय किसान महासभा ने देश भर में धरना प्रदर्शन के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन प्रेषित किए. इनमें किसान कर्ज मुक्ति बिल और लागत का न्यूनतम डेढ़ गुना दाम बिल को संसद में पास कराने के लिए सरकार को निर्देशित करने की मांग की गयी. देश के किसानों के हित में तैयार किये गए ये दो निजी बिल संसद में पेश किए गए थे. इनमें एक ‘किसान कर्ज मुक्ति बिल’ है और दूसरा स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के आधार पर ‘किसानों की उपज में लागत का डेढ़ गुना न्यूनतम दाम’ देने से संबंधित था. पिछली मोदी सरकार के दौर में देश भर के लाखों किसानों के बीच व्यापक चर्चा के बाद ये निजी बिल तैयार किये थे. इन्हें 30 नवम्बर 2018 को हजारों किसानों ने संसद मार्ग पर आयोजित ‘किसान संसद’ के माध्यम से सरकार को भी सौंपा था. मगर किसानों से किए अपने 2014 के वायदे के विपरीत किसानों के हित में बने इन बिलों के प्रति केंद्र की मोदी सरकार उदासीन बनी रही.

किसान महासभा ने ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से अपील की कि संकट के कारण आत्महत्या जैसे कदमों से जूझ रहे देश के करोड़ों किसानों के हित में उपरोक्त दोना बिलों को संसद में पेश करने व पारित कराने के लिए आप केंद्र सरकार को निर्देशित करें. साथ ही सरकार को देश में सूखे व बाढ़ से पैदा हुई स्थिति में किसानों, गरीबों को अविलंब राहत प्रदान करने और इस समस्या के स्थाई निदान के लिए ठोस कदम उठाने का निर्देश दें.

बिहार के भोजपुर जिले में अखिल भारतीय किसान महासभा के तरपफ से जिलाधिकारी के समक्ष किसानों के सम्पूर्ण कर्जमाफी व सी-2 के तहत न्यूनतम समर्थन मूल्य को डेढ़ गुना करने को लेकर एक दिवसीय धरना दिया गया. साथ ही राष्ट्रपति को एक ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से भेजा गया. धरने में पूर्व विधायक चंद्रदीप सिंह, बिनोद कुशवाहा, कैलाश पाठक, विमल यादव, दुदुल सिंह, सरफराज आलम, श्रीराम यादव सहित अनगिनत लोग शामिल रहे. पटना जिले में राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य का. उमेश सिंह, रामजीवन सिंह, सोने लाल के नेतृत्व में ज्ञापन सौंपा गया. इसके अलावा जिले के पालीगंज, दुल्हिनबाजार, मसौढ़ी, पुनपुन, नौबतपुर, बिहटा, मनेर प्रखंड के बीडीओ को और जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया गया. नालंदा में अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति ने धरना दिया और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा. कार्यक्रम में समन्वय समिति के अध्यक्ष रामकृपाल सिंह, सचिव गरीब प्रसाद, राज्य पार्षद कमलेश कुमार मानव, किसान नेता कमलेश प्रसाद, माले सचिव विजय कुमार विजय आदि उपस्थित थे.

बिहारशरीफ में अखिल भारतीय किसान महासभा के केन्द्रीय कार्यालय सचिव राजेन्द्र पटेल, जिलाध्यक्ष मुनीलाल आदि के नेतृत्व में सैकड़ों किसानों ने धरना दिया. वैशाली जिले में किसान महासभा के प्रदेश अध्यक्ष विशेश्वर प्रसाद के नेतृत्व में सैकड़ों किसानों ने प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा. पूर्णिया जिले में भी किसान महासभा के नेतृत्व में ज्ञापन सौंपा गया. उत्तराखंड के लालकुआं में किसान महासभा प्रदेश अध्यक्ष आनंद नेगी और वरिष्ठ किसान नेता बहादुर सिंह जंगी के नेतृत्व में किसानों के एक जत्थे ने तहसील कार्यालय पर प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा. उत्तर प्रदेश में बुंदेलखंड के जालौन जिले में किसान महासभा के प्रदेश उपाध्यक्ष राजीव कुशवाहा के नेतृत्व में किसानों का जत्था जिला कार्यलय पहुंचा जहां प्रदर्शन बाद ज्ञापन भेजा गया. इसके अलावा भी जगह जगह से ज्ञापन भेजे गए. हरियाणा के फतेहाबाद जिले में बैंक द्वारा कर्ज लिए किसानों के उत्पीड़न की जांच के लिए राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रेमसिंह गहलावत के नेतृत्व में एक जांच टीम ने गांवों का दौरा किया.

वर्ष28
अंक34