Press Release

किसान संगठनों के आह्वान पर 25 सितंबर को आयोजित भारत बंद में मजबूती से उतरेगा माले

 

नेशनल माॅनिटाइजेशन पाइपलाइन देश को बेचने की पाइप लाइन है, इस पाइप लाइन को तुरंत बंद होना चाहिए: दीपंकर भट्टाचार्य

पटना, 27 अगस्त 2021

कॉमरेड बृजबिहारी पांडेय नहीं रहे !


26 अगस्त 2021

भाकपा-माले अपने प्रिय वरिष्ठ साथी कॉमरेड बृजबिहारी पांडेय के आकस्मिक निधन से स्तब्ध और शोकाकुल है। पांडेय जी के पेट का ऑपरेशन हुआ था, जिससे वे उबर आए थे पर ऑपरेशन के बाद चेस्ट-इन्फेक्शन व अन्य जटिलताओं के चलते 26 अगस्त 2021 की सुबह वे हमारा साथ छोड़ कर चले गए।

अफगानिस्तान में तालिबान के कब्जे पर भाकपा माले का वक्तव्य

 

नई दिल्ली 16 अगस्त

अफगानिस्तान में चल रहे घटनाक्रम से हम बेहद चिंतित हैं. वहां तालिबान द्वारा तेजी से सत्ता पर किये गये कब्जे ने उस देश को भयानक अराजकता और अनिश्चितता में धकेल दिया है; नागरिकों पर हिंसक हमलों, महिलाओं पर अत्याचार, और मानवाधिकारों एवं नागरिक स्वतंत्रताओं पर व्यवस्थित तरीके से हमलों की खबरें हैं.  

विभाजन को लेकर मोदी सरकार की सनक आजादी आन्दोलन की विरासत और आजाद भारत की संवैधानिक परिकल्पना को क्षीण करती है


विभाजन से साम्प्रदायिक टकराव और नफरत की भावना को खारिज करने की सीख लें, न कि उसे बढ़ावा देने की

14 अगस्त 2021

अगर सचमुच हम भारत-पाकिस्तान विभाजन की विभीषिका से कुछ सीखना चाहते हैं तो हमें राष्ट्रवाद को धार्मिक पहचान से अलग करना होगा, और भारत की विविधता का सम्मान करना होगा. हमें विभाजन की त्रासदी से बने तीन देशों, पाकिस्तान, बंगलादेश और भारत के बीच दोस्ताना सम्बंधों को बढ़ावा देना होगा.

असम-मिजोरम सीमा पर हिंसा के लिए केन्द्रीय गृह मंत्री एवं इन राज्यों के भाजपा-राजग मुख्यमंत्री पूरी तरह जिम्मेदार हैं

 

असम व मिजोरम की सीमा पर उत्तर—पूर्व में केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह के दौरे के बाद हुये खूनी टकराव में असम के पांच पुलिसकर्मी मारे गये और दोनों पक्ष के कई लोग घायल हुए हैं. असम में भाजपा की सरकार है और मिजोरम में भाजपा के सहयोगी दल एमएनएफ की सरकार है.

उत्तराखंड के पाँच पर्यावरण कार्यकर्ताओं के खिलाफ जुर्माने का आदेश वापस लो


अदालत को पर्यावरण कार्यकर्ताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं को सजा देने वाले आदेश देने से बचना चाहिए

नयी दिल्ली, 15 जुलाई  

उत्तराखंड उच्च न्यायालय द्वारा पाँच पर्यावरण कार्यकर्ताओं पर, उनके द्वारा दाखिल की गयी एक जनहित याचिका के लिए प्रति व्यक्ति दस हजार रुपया जुर्माना लगाने का आदेश,ऐसे सामाजिक और पर्यावरणीय सवाल उठाने से भयभीत करने वाला है, जो  बड़ी कॉर्पोरेट परियोजनाओं के हितों के खिलाफ जाते हों.

चीन की कम्‍युनिस्‍ट पार्टी के सौ साल होने के अवसर पर भाकपा (माले) का वक्‍तव्‍य

 

चीन की कम्‍युनिस्‍ट पार्टी के सौ साल होने के अवसर पर भाकपा (माले) चीनी कम्‍युनिस्‍ट पार्टी की क्रांतिकारी विरासत को सलाम पेश करती है। माओ त्‍से तुंग के प्रेरणास्‍पद नेतृत्‍व में चीन की बहादुर जनता ने चीनी कम्‍युनिस्‍ट पार्टी की स्‍थापना के केवल 28 साल बाद ही नव जनवादी क्रांति संपन्‍न कर ली थी। अगले सात साल में ही एक पिछड़े और कृषि प्रधान समाज का बुनियादी समाजवादी रूपान्‍तरण कर लिया गया।