लड़ने वाली ताकतों की एकता लंबे समय तक जीवित रहे!

भाकपा की 24वीं कांग्रेस में कामरेड दीपंकर भट्टाचार्य का वक्तव्य

कामरेड प्रेसिडियम, सम्मानित अतिथि, प्रतिनिधि और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की 24वीं कांग्रेस में एकत्रित हुए पर्यवेक्षकगण, आप सभी को क्रांतिकारी बधाई.

लोकतंत्र को कुचलने की भाजपाई साजिश को नाकाम करें!

झारखंड के तीन कांग्रेसी विधायकों की गाड़ी से बड़ी राशि बरामदगी गहरी राजनीतिक साजिश की ओर इशारा करती है. राज्य में विधायकों की खरीद-बिक्री की घटनाएं पहले भी हुई हैं. हॉर्स ट्रेडिंग के पीछे संलिप्त लोगों को राज्य सरकार बेनकाब करे और संलिप्त विधायकों पर कड़ी कार्रवाई करे. राज्य की जनता इस खेल के पीछे छिपे असली लोगों के बारे में जानना चाहती है. विधानसभा अध्यक्ष इस मामले में त्वरित एवं विधिसम्मत कदम उठाएं.

युक्रेन संकट: भाकपा(माले) का बयान

हम युक्रेन की सीमाओं पर सैन्य हमले के रूसी प्रदर्शन से काफी चिंतित हैं. युक्रेनी जनता के आत्मनिर्णय के अधिकार को मान्यता देने की बुनियाद पर वार्ताओं के जरिये शांतिपूर्ण ढंग से मौजूदा संकट का समाधान किया जाना चाहिए.

इस टकराव को फौरन रोकने के लिए रूस को युक्रनी सीमाओं पर से अपने सैनिकों को अवश्य हटा लेना चाहिए. रूस के साथ-साथ अमेरिका और ‘नैटो’ को भी युक्रेन में अपनी दखलंदाजी बंद करनी होगी. रूस और युक्रेन को इन दोनों राज्यों द्वारा हस्ताक्षरित ‘मिंस्क-2 समझौते’ के आधार पर आपसी सीमा तनाव के कूटनीतिक समाधान की ओर बढ़ना चाहिए.

स्त्री द्वेषी और इस्लामोफोबिक ‘ड्रेस कोड’ लागू करने के किसी भी प्रयास का प्रतिरोध करें

हिजाब पहनने वाली मुस्लिम छात्राओं को निशाना बनाने और बहिष्कृत करने पर नारीवादी, लोकतांत्रिक संगठनों और व्यक्तियों का बयान

केन्द्रीय बजट 2022-23 पर भाकपा(माले)का वक्तव्य

नई दिल्ली, 1 फरवरी

मोदी सरकार के बार-बार दुहराये जाने वायदों के अनुसार वर्ष 2022 के आने तक किसानों की आमदनी को दुगुना हो जाना था. दुख की बात है कि बजट 2022-23 इस पर बिल्कुल चुप है. इस बजट में कृषि पर निवेश में कोई इजाफा नहीं दिखा, ऊपर से किसानों की न्यूनतम समर्थन मूल्य की प्रमुख मांग के बारे में यह कोई संकेत नहीं दे रहा है.

ऐपवा का जिलाधिकारियों के नाम पत्र

 

कोरोना के कारण चिंताजनक ढंग से हो रही मौतों एवं मेडिकल अव्यवस्था की ओर घ्यान दिलाने और साथ ही, इस विषम परिस्थिति में कोरोना के उपचार सम्बन्धी मांगों व सुझावों के साथ ऐपवा ने उत्तर प्रदेश के कई जिलाधिकारियों को पत्र भेजा.

सीतलकुची जनसंहार पर भाकपा(माले) का बयान

 

कूच बिहार (पश्चिम बंगाल) के सीतलकुची में वोट डालने के लिए पंक्ति में खड़े चार मतदाताओं को सीआइएसएफ के केंद्रीय जवानों ने फायरिंग कर मार डाला.

खबर है कि ये चारों गरीब परिवारों के कामगार थे: इनमें दो तो प्रवासी मजदूर थे –  नूर आलम मियां और मनिरुज्जमन मियां; एक पहली बार वोट डालने गया समीउल हक था; और चौथा एक राजमिस्त्री हमीदुल मियां था. इनके अलावा, एक अलग घटना में 18-वर्षीय पहली बार के वोटर आनंद बर्मन को अनचीन्हे अपराधियों ने गोली से मार डाला.

म्यांमार सेना द्वारा किये जनसंहार के विरोध में भारत को बोलना होगा

 

म्यांमार के सैनिक शासकों द्वारा एक तखतपलट के जरिये चुनी हुई नागरिक सरकार का तख्तपलट करने के बाद, अब सेना ने म्यांमार की जनता, जो तख्तपलट के प्रतिवाद में सड़कों पर उतर पड़ी है, के खिलाफ बर्बर दमन अभियान चला रखा है. म्यांमार की सेना ने गोलियां चलाकर 500 से अधिक नागरिक प्रतिवादकारियों को मौत के घाट उतार दिया है.

सुकमा में 22 जवानों की हत्या निंदनीय

 

छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के सुकमा में केंद्रीय सुरक्षा बलों के 22 जवानों की हत्या निन्दनीय व दुखद घटना है. मारे गए जवानों के परिजनों के प्रति हम गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हैं. रिपोर्टों के अनुसार इस हमले में शामिल 15 माओवादी भी मारे गए.