देश भर में मनाया गया चारु मजुमदार का शहादत दिवस

पार्टी को मजबूत बनाने, जन प्रतिरोध को तेज करने और फासीवादी हमले से गणतंत्र को बचाने का लिया संकल्प

28 जुलाई 2022 को देश भर में कामरेड चारु मजुमदार का 50वां शहादत दिवस मनाया गया और उनकी व भारतीय कम्युनिस्ट आन्दोलन की विरासत से प्रेरणा लेते हुए वर्तमान फासीवादी चुनौतियों का मुकाबला करने, देश में लोकतंत्र तथा संवैधानिक अधिकारों की रक्षा करने और पार्टी के आगामी महाधिवेशन को पूरी तरह से सफल करने का संकल्प लिया गया.

पश्चिम बंगाल:

तंजवुर (तमिलनाडु) में फासीवाद-विरोधी कन्वेंशन

फासीवाद से लड़ने के लिए विपक्ष को एकजुट होना पड़ेगा

तमिलनाडु की भाकपा(माले) इकाई ने 24 जुलाई को तंजवुर में ‘फासीवाद-विरोधी कन्वेंशन’ आयोजित किया, जिसमें तमिलनाडु के डेल्टा अंचल से हजारों पार्टी सदस्यों और समर्थकों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया.

कारगिल चौक (पटना) पर नागरिक प्रतिवाद

फुलवारीशरीफ और मुसलमानों को बदनाम करना बन्द करो

फुलवारीशरीफ को आतंक का केंद्र बताकर बदनाम करने व मुस्लिम समुदाय को प्रताड़ित करने के खिलाफ, और गिरफ्तार संदिग्धें के आतंकी कनेक्शन के ठोस सबूत देने और मामले को बढ़ा चढ़ाकर पेश करने पर अविलम्ब रोक लगाने की मांग पर 23 जुलाई 2022 को पटना के कारगिल चौक पर भाकपा(माले), एआईपीएफ और इंसाफ मंच की ओर से नागरिक प्रतिवाद आयोजित किया गया. इस प्रतिवाद में मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने भी भाग लिया.

गया जिले को सुखाड़ ग्रस्त क्षेत्र घोषित करने की मांग पर धरना

गया जिले को सुखाड़ ग्रस्त क्षेत्र घोषित करने, राहत-रोजगार का प्रबंध करने, ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों के लिए 24 घंटे अबाध बिजली मुहैया कराने, किसानों का बकाया बिजली बिल माफ करने और मुफ्त बिजली देने, बीपीएल परिवारों (राशन कार्डधरियों) को 200 यूनिट मुफ्त बिजली देने, ऑपरेशन दखलदेहानी और ऑपरेशन बसावट के तहत भूमि पर दखल एवं वास भूमि का परचा निर्गत करने, बगैर वैकल्पिक व्यवस्था के गरीबों को उजाड़ने पर रोक लगाने, राशन में गेहूं और उसना चावल देने, और गरीबों का राशनकार्ड रद्द करना बंद करने की आदि मांगों को लेकर 25 जुलाई को अनुमंडल कार्यालय, टिकारी के समक्ष एक-दिवसीय प्रदर्श

फुलवारीशरीफ मामले में माले ने लिखा मुख्यमंत्री को पत्र

भाकपा(माले) राज्य सचिव कुणाल ने फुलवारीशरीफ कथित आतंकी व देशविरोधी गतिविध्यिों के संबंध में मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार को पत्र लिखा है. पत्र के माध्यम से भाकपा(माले) ने मुख्यमंत्री से मामले को अपने स्तर से देखने की अपील की है.

भाकपा(माले)-खेग्रामस के धारावाहिक आंदोलन की एक बड़ी जीत

समस्तीपुर के रोसड़ा में सफाईकर्मी रामसेवक राम की हाजत में हत्या के मामले में एससी-एसटी कमिटी ने वहां के एसडीपीओ, थाना प्रभारी और एसआई राजीव रंजन को जिम्मेवार ठहराया है. इसके बाद एडीजी ने तत्काल केस दर्ज कर कार्रवाई का निर्देश समस्तीपुर पुलिस अधीक्षक को दिया है.

मजदूरी भुगतान के लिए मजदूरों ने काम बंद किया

बरारी (भागलपुर) के संतनगर में निर्माणाधीन पानी टंकी में कार्यरत डेली वेजेज निर्माण मजदूरों को प्रबंधन ने पिछले करीब दो महीने से मजदूरी का भुगतान नहीं किया है. मजदूरी मांगे जाने पर प्रबंधन द्वारा उल्टा काम से निकाल देने की धमकी दी जाती है. प्रबंधन के इस अन्यायपूर्ण रवैये से परेशान मजदूरों ने 28 जुलाई को बकाया मजदूरी की भुगतान के लिए काम बंद कर प्रबंधन के खिलाफ अपना विरोध जताया.

कामरेड पन्नू लाल राय अमर रहें

15 फरवरी 2022 को पटना जिले के बैरिया गांव निवासी भाकपा(माले) नेता का. पन्नू लाल राय (76 वर्ष) कीे लंबी बीमारी की वजह से अस्पताल में इलाज के दौरान मुत्यु हो गई. अगले दिन दस बजे उनकी अंतिम यात्रा में सैकड़ों पार्टी कार्यकर्ता व अन्य सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए.

न्यूनतम मजदूरी-पहचान पत्र की मांग पर रेल निर्माण मजदूरों का आंदोलन

विगत 23 फरवरी 2022 को बारीडीह मौजा कार्यस्थल में रेलवे निर्माण में कार्यरत मजदूरों की बैठक संपन्न हुई. बैठक में मजदूरों ने बताया कि वे पिछले 4 सालों से रेलवे सुरंग निर्माण के कार्य में मजदूरी कर रहे हैं लेकिन उन्हें केन्द्र सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम मजदूरी का भुगतान नहीं किया जाता. विदित हो कि झारखंड राज्ये के कोडरमा से रांची बाया बरकाकाना रेलवे निर्माण का कार्य ओनीकोन इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी के द्वारा कराया जा रहा है. सुरंग निर्माण के कार्य में कार्यरत मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी तो नहीं ही दी जा रही, उनको पहचान पत्र भी निर्गत नहीं किया गया है.

पंजाब में डीटीसी श्रमिकों का अभियान

अपनी मांगों को अनसुनी करने के चलते दिल्ली सरकार से निराश और गुस्साए डीटीसी श्रमिकों ने उनके झूठे वादों को बेनकाब करने के लिए उन श्रमिकों ने ‘पोल खोल’ अभियान संगठित किया. ऐक्टू से संबद्ध डीटीसी वर्कर्स युनिटी सेंटर ने इस मुहिम का नेतृत्व किया. 4 दिनों तक चला यह अभियान पटियाला, सूनम, फिरोजपुर, हुसैनवाला, अमृतसर और अन्य कई जगहों पर गया और इसके अंत में 16 फरवरी को मोहाली में एक संवाददाता सम्मेलन आयोजित किया गया. इस अभियान के दौरान पंजाब के लोगों को दिल्ली के मुखमंत्री की वादाखिलाफी और मजदूरों के प्रति उनकी गद्दारी से अवगत कराया गया.